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प्रश्न 1. कार्बन की परमाणु संख्या क्या है?
कार्बन तत्व की परमाणु संख्या कितनी है जो इसके नाभिक में प्रोटॉनों की संख्या बताती है?
✅ सही उत्तर: B. 6
कार्बन की परमाणु संख्या 6 होती है, जिसका अर्थ है कि इसके नाभिक में 6 प्रोटॉन होते हैं। कार्बन का इलेक्ट्रॉनिक विन्यास 2,4 है और यह आवर्त सारणी के दूसरे आवर्त में स्थित है।
प्रश्न 2. कार्बन के बाहरी कोश में कितने इलेक्ट्रॉन होते हैं?
कार्बन परमाणु के संयोजकता कोश (बाहरी कोश) में इलेक्ट्रॉनों की संख्या कितनी है?
✅ सही उत्तर: B. 4
कार्बन का इलेक्ट्रॉनिक विन्यास K=2, L=4 है, इसलिए इसके बाहरी कोश (संयोजकता कोश) में 4 इलेक्ट्रॉन होते हैं। यही कारण है कि कार्बन चतुःसंयोजक होता है और 4 अन्य परमाणुओं से बंध बना सकता है।
प्रश्न 3. कार्बन अपने यौगिकों में किस प्रकार का बंधन बनाता है?
कार्बन परमाणु अन्य परमाणुओं के साथ मुख्य रूप से किस प्रकार के रासायनिक बंध द्वारा जुड़ता है?
✅ सही उत्तर: B. सहसंयोजी बंध
कार्बन में इलेक्ट्रॉनों की साझेदारी के द्वारा सहसंयोजी बंध बनते हैं। ऐसा इसलिए होता है क्योंकि कार्बन के लिए 4 इलेक्ट्रॉन लेना या देना दोनों ही कठिन है (C⁴⁻ या C⁴⁺ बनाने के लिए बहुत अधिक ऊर्जा की आवश्यकता होती है)।
प्रश्न 4. सहसंयोजी यौगिकों के बारे में कौन-सा कथन सही है?
सहसंयोजी बंध वाले कार्बनिक यौगिकों के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन सा गुण सही है?
✅ सही उत्तर: D. विद्युत के कुचालक होते हैं
सहसंयोजी यौगिकों में मुक्त इलेक्ट्रॉन या आयन नहीं होते, इसलिए ये विद्युत के कुचालक होते हैं। ये सामान्यतः जल में अविलेय होते हैं और इनके गलनांक व क्वथनांक कम होते हैं क्योंकि इनके अणुओं के बीच दुर्बल वैन्डरवाल्स बल होते हैं।
प्रश्न 5. मेथेन (CH₄) में कार्बन की संयोजकता क्या है?
मेथेन अणु में कार्बन परमाणु की संयोजकता कितनी है, यानी वह कितने हाइड्रोजन परमाणुओं से जुड़ सकता है?
✅ सही उत्तर: D. 4
मेथेन में कार्बन चार हाइड्रोजन परमाणुओं से जुड़ा है, इसलिए इसकी संयोजकता 4 है। कार्बन चतुःसंयोजक होता है क्योंकि इसके बाहरी कोश में 4 इलेक्ट्रॉन हैं और यह 4 अन्य इलेक्ट्रॉनों की साझेदारी कर सकता है।
प्रश्न 6. कार्बन के कौन-से गुण के कारण यह लंबी श्रृंखलाएँ बना सकता है?
कार्बन परमाणु में वह कौन-सा विशेष गुण है जो इसे अपने ही परमाणुओं से जुड़कर लंबी श्रृंखलाएँ, शाखाएँ और वलय बनाने में सक्षम बनाता है?
✅ सही उत्तर: B. श्रृंखलन (कैटिनेशन)
श्रृंखलन कार्बन का वह अनूठा गुण है जिसके कारण यह अपने ही परमाणुओं से सहसंयोजी बंध द्वारा जुड़कर लंबी श्रृंखलाएँ बना सकता है। यह गुण कार्बन-कार्बन बंध की उच्च बंध ऊर्जा के कारण संभव होता है।
प्रश्न 7. कार्बन के किस अपररूप में प्रत्येक कार्बन परमाणु चार अन्य कार्बन परमाणुओं से जुड़ा होता है?
कार्बन के किस रूप (अपररूप) में प्रत्येक कार्बन परमाणु चार अन्य कार्बन परमाणुओं से सहसंयोजी बंध द्वारा जुड़ा होता है, जिससे एक दृढ़ त्रि-आयामी संरचना बनती है?
✅ सही उत्तर: B. हीरा
हीरे में प्रत्येक कार्बन परमाणु चार अन्य कार्बन परमाणुओं से सहसंयोजी बंध द्वारा जुड़ा होता है, जिससे एक दृढ़ त्रि-आयामी संरचना बनती है। यही कारण है कि हीरा प्रकृति का सबसे कठोर पदार्थ है।
प्रश्न 8. ग्रेफाइट विद्युत का सुचालक क्यों है?
ग्रेफाइट, जो कार्बन का एक अपररूप है, विद्युत का सुचालक क्यों है जबकि अधिकांश अधातुएँ विद्युत की कुचालक होती हैं?
✅ सही उत्तर: A. इसमें मुक्त इलेक्ट्रॉन होते हैं
ग्रेफाइट में कार्बन के प्रत्येक परमाणु का केवल तीन अन्य कार्बन परमाणुओं के साथ बंधन होता है, जिससे प्रत्येक परमाणु का एक इलेक्ट्रॉन मुक्त रह जाता है। ये मुक्त इलेक्ट्रॉन विद्युत चालन में सहायक होते हैं, इसलिए ग्रेफाइट विद्युत का सुचालक है।
प्रश्न 9. C-60 बकमिंसटरफुलेरीन में कार्बन परमाणु किस आकार में व्यवस्थित होते हैं?
कार्बन के अपररूप फुलेरीन के C-60 अणु में कार्बन के परमाणु किस विशेष ज्यामितीय आकार में व्यवस्थित होते हैं?
✅ सही उत्तर: B. फुटबॉल के आकार में
C-60 बकमिंसटरफुलेरीन में कार्बन के 60 परमाणु एक फुटबॉल के समान आकार में व्यवस्थित होते हैं। इसका नाम अमेरिकी आर्किटेक्ट बकमिंसटर फुलर के नाम पर रखा गया है जिन्होंने इसी तरह के जियोडेसिक गुंबद डिजाइन किए थे।
प्रश्न 10. सहसंयोजी बंध बनने का मुख्य कारण क्या है?
दो परमाणुओं के बीच सहसंयोजी बंध बनने की प्रक्रिया का मूल आधार क्या है?
✅ सही उत्तर: B. इलेक्ट्रॉनों की साझेदारी
सहसंयोजी बंध दो परमाणुओं के बीच इलेक्ट्रॉनों की साझेदारी से बनता है। इस साझेदारी के द्वारा दोनों परमाणु अपने बाहरी कोश को पूरा भरकर उत्कृष्ट गैस विन्यास प्राप्त करते हैं। यह बंधन गैर-धातु परमाणुओं के बीच पाया जाता है।
प्रश्न 11. कार्बन डाइऑक्साइड (CO₂) में कार्बन और ऑक्सीजन के बीच कितने सहसंयोजी बंध होते हैं?
CO₂ अणु में कार्बन परमाणु और प्रत्येक ऑक्सीजन परमाणु के बीच कितने इलेक्ट्रॉन युग्म साझा होते हैं?
✅ सही उत्तर: B. 2 (प्रत्येक ऑक्सीजन से दो बंध)
CO₂ में कार्बन और प्रत्येक ऑक्सीजन के बीच दो इलेक्ट्रॉन युग्म साझा होते हैं, इसलिए दो द्वि-बंध बनते हैं। कार्बन डाइऑक्साइड की संरचना रैखिक होती है और यह एक सहसंयोजी यौगिक है।
प्रश्न 12. निम्नलिखित में से कौन कार्बन का अपररूप नहीं है?
निम्नलिखित में से कौन-सा पदार्थ कार्बन का अपररूप (allotrope) नहीं है, बल्कि एक अलग तत्व है?
✅ सही उत्तर: C. सिलिकॉन
सिलिकॉन एक अलग तत्व है (परमाणु संख्या 14), जबकि हीरा, ग्रेफाइट और फुलेरीन कार्बन के विभिन्न अपररूप हैं जो कार्बन परमाणुओं के अलग-अलग ढंग से व्यवस्थित होने के कारण बनते हैं।
प्रश्न 13. कार्बन परमाणु का इलेक्ट्रॉनिक विन्यास क्या है?
कार्बन (परमाणु संख्या 6) के विभिन्न कक्षों में इलेक्ट्रॉनों का वितरण कैसा होता है?
✅ सही उत्तर: B. 2,4
कार्बन (परमाणु संख्या 6) का इलेक्ट्रॉनिक विन्यास K=2, L=4 होता है। पहले कोश (K) में 2 इलेक्ट्रॉन और दूसरे कोश (L) में 4 इलेक्ट्रॉन होते हैं। यही कारण है कि कार्बन चतुःसंयोजक होता है।
प्रश्न 14. सहसंयोजी यौगिकों के गलनांक और क्वथनांक कम क्यों होते हैं?
सहसंयोजी यौगिकों के गलनांक और क्वथनांक आयनिक यौगिकों की तुलना में कम क्यों होते हैं?
✅ सही उत्तर: B. दुर्बल अंतराआण्विक बल के कारण
सहसंयोजी यौगिकों में अणुओं के बीच दुर्बल वैन्डरवाल्स बल होते हैं, जबकि आयनिक यौगिकों में प्रबल इलेक्ट्रोस्टैटिक आकर्षण बल होते हैं। इसलिए सहसंयोजी यौगिकों के गलने और उबलने के लिए कम ऊर्जा की आवश्यकता होती है।
प्रश्न 15. कार्बन यौगिकों की संख्या अधिक होने का प्रमुख कारण क्या है?
कार्बन अन्य सभी तत्वों की तुलना में सबसे अधिक यौगिक क्यों बनाता है?
✅ सही उत्तर: B. श्रृंखलन और चतु:संयोजकता
कार्बन में श्रृंखलन (अपने ही परमाणुओं से जुड़ने की क्षमता) और चतु:संयोजकता (चार बंध बनाने की क्षमता) के गुण के कारण यह लाखों यौगिक बनाता है। कार्बन-कार्बन बंध अत्यधिक प्रबल होता है जो स्थायी यौगिक बनाता है।
प्रश्न 16. निम्नलिखित में से कौन-सा यौगिक सहसंयोजी नहीं है?
निम्नलिखित में से कौन-सा यौगिक सहसंयोजी बंध के बजाय आयनिक बंध द्वारा बना है?
✅ सही उत्तर: B. सोडियम क्लोराइड (NaCl)
सोडियम क्लोराइड (NaCl) एक आयनिक यौगिक है जबकि अन्य सभी सहसंयोजी यौगिक हैं। NaCl में सोडियम आयन (Na⁺) और क्लोराइड आयन (Cl⁻) इलेक्ट्रोस्टैटिक आकर्षण बल द्वारा जुड़े होते हैं।
प्रश्न 17. कार्बन के किस अपररूप का उपयोग पेंसिल में किया जाता है?
पेंसिल की लीड बनाने के लिए कार्बन के किस अपररूप का उपयोग किया जाता है?
✅ सही उत्तर: B. ग्रेफाइट
ग्रेफाइट नरम और चिकना होता है, इसलिए इसका उपयोग पेंसिल की लीड के रूप में किया जाता है। ग्रेफाइट की परतदार संरचना के कारण यह कागज पर आसानी से निशान छोड़ता है।
प्रश्न 18. मेथेन अणु की आकृति कैसी होती है?
मेथेन (CH₄) के चारों हाइड्रोजन परमाणु कार्बन के साथ किस ज्यामितीय आकृति में व्यवस्थित होते हैं?
✅ सही उत्तर: C. चतुष्फलकीय
मेथेन (CH₄) में कार्बन के चारों हाइड्रोजन परमाणु एक चतुष्फलकीय संरचना बनाते हैं। कार्बन परमाणु केंद्र में होता है और चारों हाइड्रोजन परमाणु चतुष्फलक के चार कोनों पर स्थित होते हैं।
प्रश्न 19. कार्बन के अपररूपों के बारे में कौन-सा कथन सही है?
कार्बन के विभिन्न अपररूपों (हीरा, ग्रेफाइट, फुलेरीन) के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सही है?
✅ सही उत्तर: B. सभी के रासायनिक गुण समान होते हैं
कार्बन के सभी अपररूपों (हीरा, ग्रेफाइट, फुलेरीन) के रासायनिक गुण समान होते हैं क्योंकि वे सभी कार्बन के बने होते हैं। लेकिन भौतिक गुण अलग-अलग होते हैं क्योंकि इनमें कार्बन परमाणुओं की व्यवस्था भिन्न होती है।
प्रश्न 20. निम्नलिखित में से कौन-सा कार्बन यौगिक नहीं है?
निम्नलिखित में से कौन-सा यौगिक कार्बन युक्त नहीं है?
✅ सही उत्तर: C. NaCl
NaCl (सोडियम क्लोराइड) सोडियम और क्लोरीन से बना आयनिक यौगिक है जबकि अन्य सभी कार्बन यौगिक हैं। CO₂, CH₄ और C₂H₅OH सभी में कार्बन परमाणु उपस्थित हैं।
प्रश्न 21. कार्बन परमाणु के बाहरी कोश को पूरा भरने के लिए कितने इलेक्ट्रॉनों की आवश्यकता होती है?
कार्बन परमाणु को अष्टक (8 इलेक्ट्रॉन) पूरा करने के लिए कितने इलेक्ट्रॉनों की आवश्यकता होती है?
✅ सही उत्तर: B. 4
कार्बन के बाहरी कोश में पहले से 4 इलेक्ट्रॉन होते हैं और इसे पूरा भरने (8 इलेक्ट्रॉन) के लिए 4 और इलेक्ट्रॉनों की आवश्यकता होती है। यही कारण है कि कार्बन चार अन्य परमाणुओं के साथ सहसंयोजी बंध बनाता है।
प्रश्न 22. सहसंयोजी बंध वाले यौगिक आमतौर पर किसमें विलेय होते हैं?
सहसंयोजी यौगिक सामान्यतः किस प्रकार के विलायकों में घुलनशील होते हैं?
✅ सही उत्तर: B. कार्बनिक विलायकों में
सहसंयोजी यौगिक सामान्यतः कार्बनिक विलायकों (जैसे बेंजीन, क्लोरोफॉर्म, ईथर) में घुलनशील होते हैं, पानी में नहीं। यह "समान-समान को घोलता है" के सिद्धांत के कारण है - सहसंयोजी यौगिक कार्बनिक विलायकों में घुलते हैं जो स्वयं सहसंयोजी होते हैं।
प्रश्न 23. कार्बन के किस अपररूप का उपयोग कटिंग और ड्रिलिंग के लिए किया जाता है?
अत्यधिक कठोर होने के कारण कार्बन के किस अपररूप का उपयोग कटिंग, ड्रिलिंग और पॉलिशिंग के लिए किया जाता है?
✅ सही उत्तर: B. हीरा
हीरा अब तक का ज्ञात सर्वाधिक कठोर पदार्थ है, इसलिए इसका उपयोग कटिंग, ड्रिलिंग, पॉलिशिंग और कांच काटने के औजारों में किया जाता है। हीरे की कठोरता इसकी त्रि-आयामी संरचना के कारण होती है।
प्रश्न 24. प्रकृति में कार्बन की मात्रा कितनी है?
भूपर्पटी और वायुमंडल में कार्बन तत्व कितनी मात्रा में पाया जाता है?
✅ सही उत्तर: C. बहुत कम
प्रकृति में कार्बन बहुत कम मात्रा में पाया जाता है। भूपर्पटी में केवल 0.02% कार्बन उपस्थित है तथा वायुमंडल में 0.03% कार्बन डाइऑक्साइड उपस्थित है। फिर भी कार्बन का महत्व बहुत अधिक है क्योंकि सभी सजीव संरचनाएँ कार्बन पर आधारित हैं।
प्रश्न 25. कार्बन परमाणु C⁴⁺ आयन क्यों नहीं बना पाता?
कार्बन परमाणु धनायन (C⁴⁺) क्यों नहीं बनाता, जबकि कई अन्य तत्व आयनिक यौगिक बनाते हैं?
✅ सही उत्तर: B. क्योंकि चार इलेक्ट्रॉन निकालने के लिए अत्यधिक ऊर्जा की आवश्यकता होती है
कार्बन से चार इलेक्ट्रॉन निकालकर C⁴⁺ बनाने के लिए बहुत अधिक ऊर्जा (आयनन एन्थैल्पी) की आवश्यकता होती है, जो व्यवहारिक रूप से संभव नहीं है। छह प्रोटॉन वाले नाभिक के लिए केवल दो इलेक्ट्रॉनों वाला कार्बन धनायन बनाना बहुत कठिन है।
प्रश्न 26. केवल कार्बन और हाइड्रोजन से बने यौगिक कहलाते हैं:
जो यौगिक केवल दो तत्वों - कार्बन और हाइड्रोजन से मिलकर बने होते हैं, उन्हें क्या कहते हैं?
✅ सही उत्तर: B. हाइड्रोकार्बन
जो यौगिक केवल कार्बन और हाइड्रोजन तत्वों से मिलकर बने होते हैं, उन्हें हाइड्रोकार्बन कहते हैं। ये तीन प्रकार के होते हैं: ऐल्केन, ऐल्कीन और ऐल्काइन।
प्रश्न 27. एल्केन का सामान्य सूत्र क्या है?
संतृप्त हाइड्रोकार्बनों (ऐल्केन) के समजातीय श्रेणी का सामान्य सूत्र क्या होता है?
✅ सही उत्तर: B. CₙH₂ₙ₊₂
एल्केन संतृप्त हाइड्रोकार्बन हैं जिनमें कार्बन-कार्बन एकल बंध होते हैं और इनका सामान्य सूत्र CₙH₂ₙ₊₂ होता है, जहाँ n कार्बन परमाणुओं की संख्या है।
प्रश्न 28. एथीन का सूत्र क्या है?
एथीन, जो एक असंतृप्त हाइड्रोकार्बन है, का आणविक सूत्र क्या है?
✅ सही उत्तर: A. C₂H₄
एथीन एक असंतृप्त हाइड्रोकार्बन है जिसमें दो कार्बन परमाणुओं के बीच एक द्वि-बंध होता है और इसका सूत्र C₂H₄ है। इसे एथिलीन भी कहते हैं और यह एल्कीन श्रेणी का पहला सदस्य है।
प्रश्न 29. एल्काइन का सामान्य सूत्र क्या है?
ऐल्काइन समजातीय श्रेणी के यौगिकों का सामान्य आणविक सूत्र क्या होता है?
✅ सही उत्तर: C. CₙH₂ₙ₋₂
एल्काइन असंतृप्त हाइड्रोकार्बन हैं जिनमें कार्बन-कार्बन त्रि-बंध होता है और इनका सामान्य सूत्र CₙH₂ₙ₋₂ होता है। एथाइन (C₂H₂) इस श्रेणी का पहला सदस्य है।
प्रश्न 30. प्रोपेन में कार्बन परमाणुओं की संख्या कितनी है?
प्रोपेन, जो एक संतृप्त हाइड्रोकार्बन है, में कार्बन परमाणुओं की संख्या कितनी होती है?
✅ सही उत्तर: C. 3
प्रोपेन का सूत्र C₃H₈ है, इसलिए इसमें 3 कार्बन परमाणु होते हैं। यह एल्केन श्रेणी का तीसरा सदस्य है जिसमें सभी कार्बन-कार्बन बंध एकल बंध हैं।
प्रश्न 31. संतृप्त हाइड्रोकार्बन किसे कहते हैं?
ऐसे हाइड्रोकार्बन जिनमें कार्बन परमाणु केवल एकल बंधों द्वारा जुड़े होते हैं, क्या कहलाते हैं?
✅ सही उत्तर: A. जिनमें केवल एकल बंध हों
संतृप्त हाइड्रोकार्बनों में कार्बन परमाणु एक-दूसरे से केवल एकल बंधों द्वारा जुड़े होते हैं। इन्हें ऐल्केन कहते हैं और इनका सामान्य सूत्र CₙH₂ₙ₊₂ होता है। ये अभिक्रियाशील नहीं होते हैं।
प्रश्न 32. कार्बन यौगिक जिनमें -OH समूह होता है, कहलाते हैं:
वे कार्बनिक यौगिक जिनमें हाइड्रॉक्सिल (-OH) क्रियात्मक समूह उपस्थित होता है, क्या कहलाते हैं?
✅ सही उत्तर: C. ऐल्कोहल
ऐल्कोहल वे कार्बनिक यौगिक हैं जिनमें हाइड्रॉक्सिल (-OH) समूह उपस्थित होता है। इनका सामान्य सूत्र R-OH होता है जहाँ R एक ऐल्किल समूह है। मेथेनॉल (CH₃OH) और एथेनॉल (C₂H₅OH) इसके उदाहरण हैं।
प्रश्न 33. एथेनॉइक अम्ल में कौन-सा क्रियात्मक समूह होता है?
एथेनॉइक अम्ल (ऐसीटिक अम्ल) में कौन सा क्रियात्मक समूह उपस्थित होता है जो इसके अम्लीय गुणों के लिए उत्तरदायी है?
✅ सही उत्तर: C. -COOH
एथेनॉइक अम्ल (CH₃COOH) कार्बोक्सिलिक अम्ल समूह से संबंधित है जिसका क्रियात्मक समूह -COOH है। यह समूह एक कार्बोनिल (>C=O) और एक हाइड्रॉक्सिल (-OH) समूह के संयोजन से बना होता है।
प्रश्न 34. ऐल्डिहाइड समूह का सूत्र क्या है?
ऐल्डिहाइड क्रियात्मक समूह का रासायनिक सूत्र क्या होता है?
✅ सही उत्तर: B. -CHO
ऐल्डिहाइड समूह का सूत्र -CHO होता है जहाँ कार्बन, हाइड्रोजन और ऑक्सीजन परमाणु होते हैं। इस समूह में कार्बोनिल कार्बन एक हाइड्रोजन परमाणु और एक ऐल्किल समूह से जुड़ा होता है।
प्रश्न 35. कीटोन समूह का सूत्र क्या है?
कीटोन वर्ग के कार्बनिक यौगिकों में पाए जाने वाले क्रियात्मक समूह का रासायनिक सूत्र क्या होता है?
✅ सही उत्तर: D. >C=O
कीटोन समूह में एक कार्बोनिल समूह (>C=O) होता है जो दो कार्बन समूहों (ऐल्किल या ऐरील) से जुड़ा होता है। प्रोपेनोन (CH₃COCH₃) इसका एक उदाहरण है।
प्रश्न 36. समजातीय श्रेणी किसे कहते हैं?
कार्बनिक यौगिकों की समजातीय श्रेणी की सही परिभाषा क्या है?
✅ सही उत्तर: C. एक ही क्रियात्मक समूह वाले यौगिकों के समूह को जिनके सूत्र में -CH₂- का अंतर हो
समजातीय श्रेणी में यौगिकों का एक ही क्रियात्मक समूह होता है और आणविक सूत्र में -CH₂- इकाई का अंतर होता है। इनके रासायनिक गुण समान होते हैं लेकिन भौतिक गुणों में क्रमबद्ध परिवर्तन होता है।
प्रश्न 37. मेथेनॉल, एथेनॉल, प्रोपेनॉल किसकी समजातीय श्रेणी के सदस्य हैं?
निम्नलिखित यौगिक किस क्रियात्मक समूह की समजातीय श्रेणी के सदस्य हैं?
✅ सही उत्तर: C. ऐल्कोहल
मेथेनॉल (CH₃OH), एथेनॉल (C₂H₅OH) और प्रोपेनॉल (C₃H₇OH) सभी ऐल्कोहल समूह (-OH) से संबंधित हैं। इनके सूत्र में -CH₂- का अंतर है और ये सभी एक ही समजातीय श्रेणी के सदस्य हैं।
प्रश्न 38. निम्नलिखित में से कौन ऐल्कोहल नहीं है?
निम्नलिखित में से कौन-सा यौगिक ऐल्कोहल वर्ग से संबंधित नहीं है?
✅ सही उत्तर: C. CH₃COOH
CH₃COOH एथेनॉइक अम्ल है जो कार्बोक्सिलिक अम्ल समूह से संबंधित है, ऐल्कोहल नहीं। ऐल्कोहल में -OH समूह सीधे कार्बन से जुड़ा होता है जबकि कार्बोक्सिलिक अम्ल में -COOH समूह होता है।
प्रश्न 39. C₄H₁₀ के कितने संरचनात्मक समावयव हैं?
ब्यूटेन (C₄H₁₀) के कितने संरचनात्मक समावयव (structural isomers) संभव हैं?
✅ सही उत्तर: B. 2
ब्यूटेन (C₄H₁₀) के दो संरचनात्मक समावयव हैं: 1. n-ब्यूटेन (सीधी श्रृंखला): CH₃-CH₂-CH₂-CH₃, 2. आइसो-ब्यूटेन (2-मेथिलप्रोपेन): CH₃-CH(CH₃)-CH₃। इनका आणविक सूत्र समान है लेकिन संरचना भिन्न है।
प्रश्न 40. निम्नलिखित में से कौन-सा एल्कीन है?
निम्नलिखित में से कौन-सा यौगिक एल्कीन (असंतृप्त हाइड्रोकार्बन) है?
✅ सही उत्तर: B. C₂H₄
C₂H₄ एथीन है जो एक एल्कीन है क्योंकि इसमें कार्बन-कार्बन द्वि-बंध है। C₂H₆ एथेन (ऐल्केन), C₂H₂ एथाइन (ऐल्काइन) और CH₄ मेथेन (ऐल्केन) हैं।
प्रश्न 41. हेक्सेन में कार्बन परमाणुओं की संख्या कितनी है?
हेक्सेन, जो एक संतृप्त हाइड्रोकार्बन है, में कार्बन परमाणुओं की संख्या कितनी होती है?
✅ सही उत्तर: C. 6
हेक्सेन का सूत्र C₆H₁₄ है, इसलिए इसमें 6 कार्बन परमाणु होते हैं। 'हेक्स' का अर्थ 6 होता है। यह एल्केन श्रेणी का छठा सदस्य है।
प्रश्न 42. ऐल्कोहल समूह का प्रत्यय (suffix) क्या होता है?
ऐल्कोहल वाले कार्बनिक यौगिकों का नामकरण करते समय किस प्रत्यय का उपयोग किया जाता है?
✅ सही उत्तर: B. -ol
ऐल्कोहल वाले यौगिकों के नाम के अंत में प्रत्यय '-ol' लगता है, जैसे मेथेनॉल, एथेनॉल, प्रोपेनॉल। यह प्रत्यय दर्शाता है कि यौगिक में -OH समूह उपस्थित है।
प्रश्न 43. कार्बोक्सिलिक अम्ल समूह का प्रत्यय क्या होता है?
कार्बोक्सिलिक अम्ल वाले कार्बनिक यौगिकों के नाम के अंत में कौन-सा प्रत्यय लगाया जाता है?
✅ सही उत्तर: D. -oic acid
कार्बोक्सिलिक अम्ल वाले यौगिकों के नाम के अंत में प्रत्यय '-oic acid' लगता है, जैसे एथेनॉइक अम्ल, प्रोपेनॉइक अम्ल। यह प्रत्यय दर्शाता है कि यौगिक में -COOH समूह उपस्थित है।
प्रश्न 44. प्रोपेनोन में कौन-सा क्रियात्मक समूह होता है?
प्रोपेनोन (CH₃COCH₃) में उपस्थित क्रियात्मक समूह कौन-सा है?
✅ सही उत्तर: C. कीटोन
प्रोपेनोन एक कीटोन है जिसमें कार्बोनिल समूह (>C=O) होता है। कीटोन में कार्बोनिल कार्बन दो ऐल्किल समूहों से जुड़ा होता है। प्रोपेनोन का सूत्र CH₃COCH₃ है।
प्रश्न 45. ब्रोमोपेन्टेन में कौन-सा विषम परमाणु है?
ब्रोमोपेन्टेन नामक हैलोजन युक्त कार्बनिक यौगिक में कौन-सा विषम परमाणु (heteroatom) उपस्थित है?
✅ सही उत्तर: B. ब्रोमीन
ब्रोमोपेन्टेन में ब्रोमीन (Br) विषम परमाणु है जो हाइड्रोकार्बन श्रृंखला में हाइड्रोजन के स्थान पर आता है। 'ब्रोमो' उपसर्ग से पता चलता है कि यौगिक में ब्रोमीन उपस्थित है।
प्रश्न 46. बेंजीन का सूत्र क्या है?
बेंजीन, जो एक महत्वपूर्ण चक्रीय हाइड्रोकार्बन है, का आणविक सूत्र क्या है?
✅ सही उत्तर: A. C₆H₆
बेंजीन एक चक्रीय हाइड्रोकार्बन है जिसका सूत्र C₆H₆ होता है। इसमें छह कार्बन परमाणु एक षट्कोणीय वलय बनाते हैं और प्रत्येक कार्बन से एक हाइड्रोजन जुड़ा होता है।
प्रश्न 47. साइक्लोहेक्सेन का सूत्र क्या है?
साइक्लोहेक्सेन, जो एक चक्रीय संतृप्त हाइड्रोकार्बन है, का आणविक सूत्र क्या है?
✅ सही उत्तर: B. C₆H₁₂
साइक्लोहेक्सेन एक चक्रीय संतृप्त हाइड्रोकार्बन है जिसका सूत्र C₆H₁₂ होता है। इसमें छह कार्बन परमाणु एक वलय बनाते हैं और सभी कार्बन-कार्बन बंध एकल बंध हैं।
प्रश्न 48. एथाइन में कार्बन-कार्बन बंध की प्रकृति क्या है?
एथाइन (C₂H₂) में दो कार्बन परमाणुओं के बीच किस प्रकार का रासायनिक बंध होता है?
✅ सही उत्तर: C. त्रि-बंध
एथाइन (C₂H₂) में दो कार्बन परमाणुओं के बीच त्रि-बंध होता है। इसे ऐल्काइन कहते हैं और इसका सूत्र C₂H₂ है। त्रि-बंध के कारण यह अत्यधिक अभिक्रियाशील होता है।
प्रश्न 49. किस यौगिक में द्वि-बंध नहीं है?
निम्नलिखित में से किस यौगिक में कार्बन-कार्बन द्वि-बंध उपस्थित नहीं है?
✅ सही उत्तर: C. एथेन
एथेन (C₂H₆) एक संतृप्त हाइड्रोकार्बन है जिसमें केवल एकल बंध होते हैं, द्वि-बंध नहीं। एथीन, प्रोपीन और ब्यूटीन सभी ऐल्कीन हैं जिनमें कम से कम एक द्वि-बंध होता है।
प्रश्न 50. एल्काइन का पहला सदस्य कौन-सा है?
ऐल्काइन समजातीय श्रेणी का सबसे छोटा सदस्य (पहला सदस्य) कौन-सा है?
✅ सही उत्तर: D. एथाइन
एथाइन (C₂H₂) ऐल्काइन समजातीय श्रेणी का पहला सदस्य है क्योंकि इसमें कम से कम दो कार्बन परमाणु होने चाहिए ताकि त्रि-बंध बन सके। मेथेन और एथेन ऐल्केन हैं, एथीन ऐल्कीन है।
प्रश्न 51. संतृप्त हाइड्रोकार्बन के दहन से किस प्रकार की ज्वाला प्राप्त होती है?
संतृप्त हाइड्रोकार्बन (ऐल्केन) के पूर्ण दहन से कैसी ज्वाला प्राप्त होती है?
✅ सही उत्तर: B. स्वच्छ नीली ज्वाला
संतृप्त हाइड्रोकार्बन पूर्ण दहन के कारण स्वच्छ नीली ज्वाला के साथ जलते हैं क्योंकि इनमें कार्बन और हाइड्रोजन का अनुपात कम होता है और ये आसानी से पूरी तरह ऑक्सीकृत हो जाते हैं।
प्रश्न 52. असंतृप्त हाइड्रोकार्बन के दहन से किस प्रकार की ज्वाला प्राप्त होती है?
असंतृप्त हाइड्रोकार्बन (ऐल्कीन, ऐल्काइन) के दहन से कैसी ज्वाला प्राप्त होती है?
✅ सही उत्तर: B. काली धुएँ वाली पीली ज्वाला
असंतृप्त हाइड्रोकार्बन अपूर्ण दहन के कारण काली धुएँ वाली पीली ज्वाला देते हैं। ऐसा इसलिए होता है क्योंकि इनमें कार्बन का प्रतिशत अधिक होता है और ये पूरी तरह ऑक्सीकृत नहीं हो पाते, जिससे कार्बन के कण (कज्जल) बनते हैं।
प्रश्न 53. एथनॉल को एथेनॉइक अम्ल में बदलने की अभिक्रिया कहलाती है:
ऑक्सीकारकों की उपस्थिति में एथनॉल का एथेनॉइक अम्ल में परिवर्तन किस प्रकार की अभिक्रिया है?
✅ सही उत्तर: C. ऑक्सीकरण
ऑक्सीकारकों (KMnO₄, K₂Cr₂O₇) द्वारा एथनॉल का एथेनॉइक अम्ल में परिवर्तन ऑक्सीकरण अभिक्रिया है। इस अभिक्रिया में ऑक्सीजन की मात्रा बढ़ती है और हाइड्रोजन की मात्रा घटती है: CH₃CH₂OH + 2[O] → CH₃COOH + H₂O
प्रश्न 54. निम्नलिखित में से कौन ऑक्सीकारक है?
निम्नलिखित में से कौन-सा पदार्थ ऑक्सीकारक के रूप में कार्य करता है जो अन्य पदार्थों को ऑक्सीकृत कर सकता है?
✅ सही उत्तर: A. KMnO₄
पोटैशियम परमैंगनेट (KMnO₄) एक प्रबल ऑक्सीकारक है जो अन्य पदार्थों को ऑक्सीजन देकर ऑक्सीकृत करता है। यह विभिन्न रासायनिक अभिक्रियाओं में ऑक्सीकारक के रूप में प्रयुक्त होता है।
प्रश्न 55. असंतृप्त हाइड्रोकार्बन में हाइड्रोजन जोड़ने की अभिक्रिया को कहते हैं:
असंतृप्त हाइड्रोकार्बन (द्वि-बंध या त्रि-बंध वाले) में हाइड्रोजन जोड़कर संतृप्त हाइड्रोकार्बन बनाने की अभिक्रिया को क्या कहते हैं?
✅ सही उत्तर: C. संकलन
असंतृप्त हाइड्रोकार्बन (एल्कीन, एल्काइन) में हाइड्रोजन जोड़कर संतृप्त हाइड्रोकार्बन बनाने की अभिक्रिया संकलन या हाइड्रोजनीकरण कहलाती है। यह अभिक्रिया निकल (Ni) या पैलेडियम (Pd) उत्प्रेरक की उपस्थिति में होती है।
प्रश्न 56. संकलन अभिक्रिया के लिए किस उत्प्रेरक का उपयोग होता है?
हाइड्रोजनीकरण (संकलन) अभिक्रिया को संपन्न कराने के लिए किस उत्प्रेरक का सामान्यतः उपयोग किया जाता है?
✅ सही उत्तर: B. निकल (Ni)
संकलन अभिक्रिया (हाइड्रोजनीकरण) के लिए निकल (Ni) या पैलेडियम (Pd) उत्प्रेरक के रूप में काम करते हैं। निकल पाउडर का उपयोग वनस्पति तेलों के हाइड्रोजनीकरण में वनस्पति घी बनाने के लिए किया जाता है।
प्रश्न 57. संतृप्त हाइड्रोकार्बन में हाइड्रोजन के परमाणु क्लोरीन द्वारा प्रतिस्थापित होने की अभिक्रिया को कहते हैं:
संतृप्त हाइड्रोकार्बनों में हाइड्रोजन के परमाणुओं का क्लोरीन द्वारा एक-एक करके प्रतिस्थापन किस अभिक्रिया का उदाहरण है?
✅ सही उत्तर: C. प्रतिस्थापन
संतृप्त हाइड्रोकार्बनों में हाइड्रोजन के परमाणु क्लोरीन द्वारा प्रतिस्थापित होते हैं, इसे प्रतिस्थापन अभिक्रिया कहते हैं। उदाहरण: CH₄ + Cl₂ → CH₃Cl + HCl (सूर्य के प्रकाश में)
प्रश्न 58. मेथेन में क्लोरीन के प्रतिस्थापन के लिए किसकी आवश्यकता होती है?
मेथेन में क्लोरीन द्वारा हाइड्रोजन का प्रतिस्थापन करने के लिए किस विशेष परिस्थिति की आवश्यकता होती है?
✅ सही उत्तर: B. सूर्य का प्रकाश
मेथेन में क्लोरीन का प्रतिस्थापन सूर्य के प्रकाश की उपस्थिति में होता है। प्रकाश क्लोरीन अणु को क्लोरीन परमाणुओं में विघटित करता है जो फिर मेथेन से हाइड्रोजन का प्रतिस्थापन करते हैं।
प्रश्न 59. एथनॉल को सांद्र H₂SO₄ के साथ गर्म करने पर क्या प्राप्त होता है?
एथनॉल का सांद्र सल्फ्यूरिक अम्ल के साथ 443K तापमान पर निर्जलीकरण करने पर कौन-सा यौगिक प्राप्त होता है?
✅ सही उत्तर: B. एथीन
एथनॉल का सांद्र सल्फ्यूरिक अम्ल के साथ 443K पर निर्जलीकरण होकर एथीन बनता है: CH₃CH₂OH → CH₂=CH₂ + H₂O। इस अभिक्रिया में सल्फ्यूरिक अम्ल निर्जलीकारक का काम करता है।
प्रश्न 60. कार्बन यौगिकों के दहन से मुख्य रूप से कौन-से उत्पाद बनते हैं?
कार्बनिक यौगिकों के पूर्ण दहन (ऑक्सीजन की उपस्थिति में जलने) से प्रमुख रूप से कौन-से पदार्थ बनते हैं?
✅ सही उत्तर: A. CO₂ और H₂O
कार्बन यौगिकों के पूर्ण दहन से कार्बन डाइऑक्साइड (CO₂) और जल (H₂O) बनते हैं। उदाहरण: CH₄ + 2O₂ → CO₂ + 2H₂O, C₂H₅OH + 3O₂ → 2CO₂ + 3H₂O
प्रश्न 61. अपूर्ण दहन के कारण क्या बनता है?
ऑक्सीजन की अपर्याप्त मात्रा में कार्बनिक यौगिकों के अपूर्ण दहन से कौन-सा हानिकारक उत्पाद बनता है?
✅ सही उत्तर: A. कार्बन मोनोऑक्साइड
ऑक्सीजन की कमी में अपूर्ण दहन के कारण कार्बन मोनोऑक्साइड (CO) बनता है जो एक विषैली गैस है। यह रक्त में हीमोग्लोबिन से जुड़कर ऑक्सीजन के परिवहन को रोकता है।
प्रश्न 62. एथनॉल सोडियम के साथ अभिक्रिया करके कौन-सी गैस मुक्त करता है?
एथनॉल धात्विक सोडियम के साथ अभिक्रिया करके कौन-सी गैस उत्पन्न करता है?
✅ सही उत्तर: C. हाइड्रोजन
एथनॉल सोडियम धातु के साथ अभिक्रिया करके हाइड्रोजन गैस मुक्त करता है: 2C₂H₅OH + 2Na → 2C₂H₅ONa + H₂। इस अभिक्रिया में सोडियम एथॉक्साइड भी बनता है।
प्रश्न 63. एथेनॉइक अम्ल सोडियम बाइकार्बोनेट के साथ अभिक्रिया करके कौन-सी गैस मुक्त करता है?
एथेनॉइक अम्ल (ऐसीटिक अम्ल) सोडियम बाइकार्बोनेट (बेकिंग सोडा) के साथ अभिक्रिया करके कौन-सी गैस उत्पन्न करता है?
✅ सही उत्तर: C. कार्बन डाइऑक्साइड
एथेनॉइक अम्ल सोडियम बाइकार्बोनेट के साथ अभिक्रिया करके कार्बन डाइऑक्साइड गैस मुक्त करता है: CH₃COOH + NaHCO₃ → CH₃COONa + H₂O + CO₂। यह अभिक्रिया कार्बोक्सिलिक अम्लों की पहचान के लिए प्रयुक्त होती है।
प्रश्न 64. एथेनॉइक अम्ल और एथनॉल की अभिक्रिया से क्या बनता है?
एथेनॉइक अम्ल और एथनॉल की अम्ल उत्प्रेरक की उपस्थिति में एस्टरीकरण अभिक्रिया से कौन-सा यौगिक बनता है?
✅ सही उत्तर: A. एस्टर
एथेनॉइक अम्ल और एथनॉल की सांद्र सल्फ्यूरिक अम्ल की उपस्थिति में अभिक्रिया से एथिल एसीटेट (एस्टर) बनता है: CH₃COOH + C₂H₅OH → CH₃COOC₂H₅ + H₂O। एस्टर सुगंधित यौगिक होते हैं।
प्रश्न 65. एस्टर की गंध कैसी होती है?
एस्टर वर्ग के कार्बनिक यौगिकों की विशेष गंध कैसी होती है?
✅ सही उत्तर: B. सुगंधित (फलों जैसी)
एस्टर सुगंधित गंध वाले यौगिक होते हैं जिनका उपयोग परफ्यूम, कृत्रिम सुगंध और फलों के एसेंस बनाने में किया जाता है। विभिन्न एस्टरों की गंध विभिन्न फलों जैसी होती है।
प्रश्न 66. कार्बन यौगिकों के दहन के लिए किसकी आवश्यकता होती है?
कार्बनिक यौगिकों के दहन (जलने) की अभिक्रिया के लिए किस गैस की उपस्थिति अनिवार्य है?
✅ सही उत्तर: B. ऑक्सीजन
दहन एक ऑक्सीकरण अभिक्रिया है जिसके लिए ऑक्सीजन की आवश्यकता होती है। ऑक्सीजन की उपस्थिति में कार्बनिक यौगिक जलकर CO₂ और H₂O देते हैं और ऊष्मा मुक्त करते हैं।
प्रश्न 67. असंतृप्त हाइड्रोकार्बन ब्रोमीन जल का रंग क्यों उड़ा देते हैं?
असंतृप्त हाइड्रोकार्बन ब्रोमीन जल के लाल-भूरे रंग को रंगहीन क्यों कर देते हैं?
✅ सही उत्तर: A. क्योंकि वे ब्रोमीन से अभिक्रिया कर लेते हैं
असंतृप्त हाइड्रोकार्बन ब्रोमीन से संकलन अभिक्रिया करके रंगहीन यौगिक बनाते हैं, जिससे ब्रोमीन जल का रंग उड़ जाता है। यह परीक्षण असंतृप्त हाइड्रोकार्बन की पहचान के लिए किया जाता है।
प्रश्न 68. संतृप्त हाइड्रोकार्बन ब्रोमीन जल के साथ अभिक्रिया क्यों नहीं करते?
संतृप्त हाइड्रोकार्बन (ऐल्केन) ब्रोमीन जल के साथ अभिक्रिया क्यों नहीं करते और उसका रंग क्यों नहीं बदलते?
✅ सही उत्तर: A. क्योंकि वे अभिक्रियाशील नहीं होते
संतृप्त हाइड्रोकार्बन में केवल एकल बंध होते हैं जो अभिक्रियाशील नहीं होते, इसलिए ये ब्रोमीन जल के साथ अभिक्रिया नहीं करते और इसका रंग नहीं बदलते। यह संतृप्त हाइड्रोकार्बन की पहचान का परीक्षण है।
प्रश्न 69. एथनॉल के ऑक्सीकरण से क्या बनता है?
ऑक्सीकारकों की उपस्थिति में एथनॉल के ऑक्सीकरण से प्राप्त अंतिम उत्पाद क्या है?
✅ सही उत्तर: C. एथेनॉइक अम्ल
एथनॉल का ऑक्सीकरण करने पर पहले एथेनैल और फिर एथेनॉइक अम्ल बनता है। KMnO₄ या K₂Cr₂O₇ की उपस्थिति में: CH₃CH₂OH → CH₃CHO → CH₃COOH।
प्रश्न 70. वनस्पति तेलों के हाइड्रोजनीकरण से क्या प्राप्त होता है?
वनस्पति तेलों (असंतृप्त) के हाइड्रोजनीकरण से कौन-सा खाद्य पदार्थ प्राप्त होता है जो संतृप्त होता है?
✅ सही उत्तर: B. वनस्पति घी
वनस्पति तेलों (असंतृप्त) का निकल उत्प्रेरक की उपस्थिति में हाइड्रोजनीकरण करने पर वनस्पति घी (संतृप्त) प्राप्त होता है। यह प्रक्रिया तेलों को अर्ध-ठोस अवस्था में परिवर्तित करती है।
प्रश्न 71. ईंधन के रूप में प्रयुक्त CNG (संपीडित प्राकृतिक गैस) का मुख्य घटक क्या है?
CNG, जो एक स्वच्छ ईंधन के रूप में वाहनों में प्रयुक्त होती है, का प्रमुख संघटक कौन-सा हाइड्रोकार्बन है?
✅ सही उत्तर: C. मेथेन
CNG (संपीडित प्राकृतिक गैस) का मुख्य घटक मेथेन (CH₄) है जो एक स्वच्छ ईंधन है। यह बायोगैस और प्राकृतिक गैस में भी प्रमुख घटक है और दहन पर कम प्रदूषक उत्पन्न करती है।
प्रश्न 72. दहन के समय पीली और कज्जली ज्वाला किसका संकेत है?
ईंधन के जलते समय पीली और कज्जली (काली धुएँ वाली) ज्वाला किस स्थिति का संकेत देती है?
✅ सही उत्तर: B. अपूर्ण दहन
पीली और कज्जली ज्वाला अपूर्ण दहन का संकेत है जिसमें कार्बन के कण (कज्जल) बनते हैं। यह ऑक्सीजन की कमी या ईंधन की अधिकता के कारण होता है।
प्रश्न 73. निम्नलिखित में से कौन-सा यौगिक दहन पर काला धुआँ देगा?
निम्नलिखित में से कौन-सा हाइड्रोकार्बन जलने पर काला धुआँ (कज्जल) उत्पन्न करेगा?
✅ सही उत्तर: C. C₂H₄
C₂H₄ (एथीन) एक असंतृप्त हाइड्रोकार्बन है जो अपूर्ण दहन के कारण काला धुआँ देता है। संतृप्त हाइड्रोकार्बन (CH₄, C₂H₆, C₃H₈) स्वच्छ नीली ज्वाला के साथ जलते हैं।
प्रश्न 74. निम्नलिखित में से किसकी उपस्थिति में एथनॉल का ऑक्सीकरण एथेनॉइक अम्ल में होता है?
एथनॉल के एथेनॉइक अम्ल में ऑक्सीकरण के लिए किस ऑक्सीकारक की आवश्यकता होती है?
✅ सही उत्तर: B. KMnO₄
क्षारीय KMnO₄ या अम्लीकृत K₂Cr₂O₇ ऑक्सीकारक की उपस्थिति में एथनॉल का ऑक्सीकरण एथेनॉइक अम्ल में होता है। ये ऑक्सीकारक ऑक्सीजन प्रदान करते हैं।
प्रश्न 75. कार्बन की परमाणु संख्या क्या है?
कार्बन तत्व की परमाणु संख्या कितनी है जो इसके नाभिक में प्रोटॉनों की संख्या बताती है?
✅ सही उत्तर: B. 6
कार्बन की परमाणु संख्या 6 होती है, जिसका अर्थ है कि इसके नाभिक में 6 प्रोटॉन होते हैं। कार्बन का इलेक्ट्रॉनिक विन्यास 2,4 है और यह आवर्त सारणी के दूसरे आवर्त में स्थित है।
प्रश्न 76. CO₂ सूत्र वाले कार्बन डाइऑक्साइड की इलेक्ट्रॉन बिंदु संरचना क्या होगी?
✅ सही उत्तर: A. O=C=O
CO₂ में कार्बन और ऑक्सीजन के बीच दो द्विबंध (double bonds) होते हैं। कार्बन के चार संयोजकता इलेक्ट्रॉन होते हैं और प्रत्येक ऑक्सीजन के छह। कार्बन दोनों ऑक्सीजन के साथ इलेक्ट्रॉन साझा करके O=C=O संरचना बनाता है।
प्रश्न 77. सल्फर के आठ परमाणुओं से बने सल्फर के अणु की इलेक्ट्रॉन बिंदु संरचना क्या होगी?
✅ सही उत्तर: D. अष्टकोणीय वलय
सल्फर का S₈ अणु एक अष्टकोणीय वलय (octagonal ring) संरचना बनाता है। इसमें आठ सल्फर परमाणु एक वलय में जुड़े होते हैं और प्रत्येक सल्फर दो अन्य सल्फर परमाणुओं से एकल बंध द्वारा जुड़ा होता है।
प्रश्न 78. कार्बन के दो गुणधर्म कौन से हैं, जिनके कारण हमारे चारों ओर कार्बन यौगिकों की विशाल संख्या दिखाई देती है?
✅ सही उत्तर: B. चतुःसंयोजकता व शृंखलन
कार्बन की चतुःसंयोजकता (चार संयोजकता इलेक्ट्रॉन) और शृंखलन गुण (अन्य कार्बन परमाणुओं से लंबी श्रृंखलाएँ बनाने की क्षमता) के कारण लाखों कार्बन यौगिक संभव हैं।
प्रश्न 79. साइक्लोपेन्टेन का सूत्र तथा इलेक्ट्रॉन बिंदु संरचना क्या होंगे?
✅ सही उत्तर: A. C₅H₁₀
साइक्लोपेन्टेन एक चक्रीय संतृप्त हाइड्रोकार्बन है जिसमें 5 कार्बन परमाणु एक वलय में जुड़े होते हैं। सामान्य सूत्र CₙH₂ₙ के अनुसार, n=5 के लिए सूत्र C₅H₁₀ होता है।
प्रश्न 80. एथेनॉइक अम्ल की संरचना चित्रित कीजिए
✅ सही उत्तर: B. CH₃-COOH
एथेनॉइक अम्ल (एसिटिक अम्ल) का सूत्र CH₃COOH होता है। इसमें एक मिथाइल समूह (CH₃-) और एक कार्बोक्सिल समूह (-COOH) जुड़ा होता है।
प्रश्न 81. क्या ब्रोमोपेन्टेन के संरचनात्मक समावयव संभव हैं?
✅ सही उत्तर: A. हाँ
ब्रोमोपेन्टेन (C₅H₁₁Br) के कई संरचनात्मक समावयव संभव हैं क्योंकि ब्रोमीन परमाणु पेन्टेन श्रृंखला के विभिन्न कार्बन परमाणुओं पर जुड़ सकता है, और श्रृंखला स्वयं विभिन्न शाखित रूपों में हो सकती है।
प्रश्न 82. ब्यूटेनोन की संरचना चित्रित कीजिए
✅ सही उत्तर: A. C₄H₈O
ब्यूटेनोन एक कीटोन है जिसका सूत्र C₄H₈O होता है। इसकी संरचना CH₃-CO-CH₂-CH₃ है, जहाँ कार्बोनिल समूह (C=O) दूसरे कार्बन पर उपस्थित है।
प्रश्न 83. हेक्सेनैल की संरचना चित्रित कीजिए
✅ सही उत्तर: A. C₆H₁₂O
हेक्सेनैल एक एल्डिहाइड है जिसका सूत्र C₆H₁₂O होता है। इसकी संरचना CH₃-(CH₂)₄-CHO है, जहाँ फॉर्मिल समूह (-CHO) श्रृंखला के अंत में स्थित है।
प्रश्न 84. निम्नलिखित यौगिकों का नामकरण कैसे करेंगे? CH₃-CH₂-Br
✅ सही उत्तर: A. ब्रोमोएथेन
CH₃-CH₂-Br में दो कार्बन परमाणुओं वाली एथेन श्रृंखला है जिसके एक हाइड्रोजन परमाणु को ब्रोमीन ने प्रतिस्थापित किया है। अतः इसे ब्रोमोएथेन कहते हैं।
प्रश्न 85. संतृप्त हाइड्रोकार्बन से सामान्यतः कैसी ज्वाला निकलती है?
✅ सही उत्तर: B. स्वच्छ नीली
संतृप्त हाइड्रोकार्बन (जैसे मेथेन, प्रोपेन) वायु की पर्याप्त उपलब्धता में पूर्ण दहन करते हैं और स्वच्छ नीली ज्वाला देते हैं। अपूर्ण दहन में ये कज्जली ज्वाला दे सकते हैं।
प्रश्न 86. एथनॉल से एथेनॉइक अम्ल में परिवर्तन को ऑक्सीकरण अभिक्रिया क्यों कहते हैं?
✅ सही उत्तर: A. क्योंकि ऑक्सीजन की मात्रा बढ़ती है
एथनॉल (C₂H₅OH) के एथेनॉइक अम्ल (CH₃COOH) में बदलने पर अणु में ऑक्सीजन की मात्रा बढ़ जाती है और हाइड्रोजन की मात्रा घट जाती है, जो ऑक्सीकरण की परिभाषा है।
प्रश्न 87. ऑक्सीकरण अभिक्रिया में किसका उपयोग ऑक्सीकारक के रूप में होता है?
✅ सही उत्तर: A. KMnO₄
पोटैशियम परमैंगनेट (KMnO₄) एक प्रबल ऑक्सीकारक है जो कार्बनिक यौगिकों में ऑक्सीजन जोड़ने का कार्य करता है, जैसे एल्कोहल को कार्बोक्सिलिक अम्ल में बदलना।
प्रश्न 88. एथाइन तथा ऑक्सीजन के मिश्रण का दहन वेल्डिंग के लिए किया जाता है। क्या आप बता सकते हैं कि एथाइन तथा वायु के मिश्रण का उपयोग क्यों नहीं किया जाता?
✅ सही उत्तर: B. तापमान कम होता है
वायु में केवल 21% ऑक्सीजन होती है, जिससे एथाइन का दहन कम तापमान पर होता है। शुद्ध ऑक्सीजन के साथ मिश्रण से अधिक तापमान (लगभग 3000°C) प्राप्त होता है जो वेल्डिंग के लिए आवश्यक है।
प्रश्न 89. वेल्डिंग के लिए एथाइन के साथ किस गैस का मिश्रण प्रयोग किया जाता है?
✅ सही उत्तर: B. ऑक्सीजन
एथाइन (C₂H₂) और शुद्ध ऑक्सीजन के मिश्रण के दहन से बहुत उच्च तापमान (लगभग 3000°C) उत्पन्न होता है, जो धातु की वेल्डिंग और कटिंग के लिए उपयोग किया जाता है।
प्रश्न 90. साबुन के अणु में जल से संपर्क करने वाला भाग क्या कहलाता है?
✅ सही उत्तर: A. जलरागी सिरा
साबुन के अणु में दो भाग होते हैं: जलरागी सिरा (हाइड्रोफिलिक) जो जल के प्रति आकर्षित होता है, और जलविरागी पूंछ (हाइड्रोफोबिक) जो तेल और ग्रीस के प्रति आकर्षित होता है।
प्रश्न 91. कठोर जल में साबुन की प्रभावशीलता क्यों कम हो जाती है?
✅ सही उत्तर: B. कैल्शियम/मैग्नीशियम लवणों के साथ अघुलनशील पदार्थ बनते हैं
कठोर जल में उपस्थित कैल्शियम और मैग्नीशियम आयन साबुन के सोडियम या पोटैशियम लवणों के साथ अभिक्रिया करके अघुलनशील स्कम (दही जैसा पदार्थ) बनाते हैं, जिससे साबुन बर्बाद होता है।
प्रश्न 92. कार्बन के किस अपररूप में प्रत्येक कार्बन परमाणु चार अन्य कार्बन परमाणुओं से जुड़ा होता है?
✅ सही उत्तर: B. हीरा
हीरे में प्रत्येक कार्बन परमाणु चार अन्य कार्बन परमाणुओं के साथ सहसंयोजक बंध बनाकर एक त्रिआयामी जालक संरचना बनाता है, जिससे यह अत्यंत कठोर होता है।
प्रश्न 93. निम्नलिखित में से कौन संतृप्त हाइड्रोकार्बन है?
✅ सही उत्तर: C. C₃H₈
प्रोपेन (C₃H₈) एक संतृप्त हाइड्रोकार्बन (एल्केन) है क्योंकि इसमें केवल एकल बंध होते हैं। C₂H₄ (एथीन) और C₂H₂ (एथाइन) असंतृप्त हैं, और C₆H₆ (बेंजीन) एक चक्रीय यौगिक है।
प्रश्न 94. एथेनॉल को सांद्र H₂SO₄ के साथ 443K ताप पर गर्म करने पर क्या बनता है?
✅ सही उत्तर: B. एथीन
एथेनॉल को सांद्र सल्फ्यूरिक अम्ल के साथ 443K पर गर्म करने पर निर्जलीकरण (dehydration) होता है और एथीन (C₂H₄) गैस बनती है। सल्फ्यूरिक अम्ल निर्जलीकारक का कार्य करता है।
प्रश्न 95. साबुन बनाने की प्रक्रिया को क्या कहते हैं?
✅ सही उत्तर: B. साबुनीकरण
वसा या तेल का क्षार (NaOH या KOH) के साथ उदासीनीकरण अभिक्रिया द्वारा साबुन और ग्लिसरॉल बनाने की प्रक्रिया को साबुनीकरण (saponification) कहते हैं।
प्रश्न 96. प्रोपेन का आणविक सूत्र क्या है?
✅ सही उत्तर: C. C₃H₈
प्रोपेन एक संतृप्त हाइड्रोकार्बन (एल्केन) है जिसमें तीन कार्बन परमाणु होते हैं। एल्केन का सामान्य सूत्र CₙH₂ₙ₊₂ होता है, इसलिए n=3 के लिए सूत्र C₃H₈ होता है।
प्रश्न 97. कार्बन यौगिकों के नामकरण में प्रयुक्त "-ओल" प्रत्यय किस प्रकार्यात्मक समूह को दर्शाता है?
✅ सही उत्तर: A. एल्कोहल
IUPAC नामकरण में "-ओल" (ol) प्रत्यय एल्कोहल समूह (-OH) की उपस्थिति दर्शाता है, जैसे मेथेनॉल (CH₃OH), एथेनॉल (C₂H₅OH)।
प्रश्न 98. मेथेन का सूत्र क्या है?
✅ सही उत्तर: A. CH₄
मेथेन सबसे सरल हाइड्रोकार्बन है जिसका सूत्र CH₄ है। यह प्राकृतिक गैस का मुख्य घटक है और कार्बन की चतुःसंयोजकता का उदाहरण है।
प्रश्न 99. कार्बन के किस गुण के कारण यह लंबी श्रृंखलाएँ बना सकता है?
✅ सही उत्तर: B. शृंखलन
कार्बन में शृंखलन (catenation) का गुण होता है, यानी कार्बन परमाणु अन्य कार्बन परमाणुओं के साथ मजबूत सहसंयोजक बंध बनाकर लंबी श्रृंखलाएँ, शाखाएँ या वलय बना सकते हैं।
प्रश्न 100. साइक्लोहेक्सेन का सूत्र क्या है?
✅ सही उत्तर: B. C₆H₁₂
साइक्लोहेक्सेन एक चक्रीय संतृप्त हाइड्रोकार्बन है जिसमें 6 कार्बन परमाणु एक वलय में जुड़े होते हैं। सामान्य सूत्र CₙH₂ₙ के अनुसार, n=6 के लिए सूत्र C₆H₁₂ होता है।
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